जीवन में आनंद की यात्रा के आधार – संसार, स्व और अस्तित्व

Girish Jha MA, BS, APA (American Psychology Association), RYT-500 40+ years of teaching, training, research, mentoring people – diplomats, technocrats, engineers, doctors, students, men and women. He is simple, easy, straight and powerful to hammer your ignorant mind to awakening. Girish Jha invokes the teachings and practices taught for 6000 years. These teachings are everlasting, […]

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ध्यान क्या हे और कौन से तरीके हें

जीवन यात्रा : साधना के मूल तत्त्व साधना , साधक, साध्य और सिद्ध, ये चार शब्द , भारतीय परंपरा के मूल हैं ी हम सब साधना को जानने का अथक प्रयास करते हैं परन्तु साधक होने पर न तो ध्यान देते हैं न ही साधक बनाने का प्रयास. इसी कारण हमें विफलता हाथ लगाती हे […]

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ध्यान अभी और यही हे – गुरु ने सिखाया

जीवन यात्रा : साधना के मूल तत्त्व साधना , साधक, साध्य और सिद्ध, ये चार शब्द , भारतीय परंपरा के मूल हैं ी हम सब साधना को जानने का अथक प्रयास करते हैं परन्तु साधक होने पर न तो ध्यान देते हैं न ही साधक बनाने का प्रयास. इसी कारण हमें विफलता हाथ लगाती हे […]

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शांति मे रहे और साधना मे लगे रहे

जीवन यात्रा : साधना के मूल तत्त्व साधना , साधक, साध्य और सिद्ध, ये चार शब्द , भारतीय परंपरा के मूल हैं ी हम सब साधना को जानने का अथक प्रयास करते हैं परन्तु साधक होने पर न तो ध्यान देते हैं न ही साधक बनाने का प्रयास. इसी कारण हमें विफलता हाथ लगाती हे […]

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200309 ध्यान सात भूमिका मे सफल होता हे

जीवन यात्रा : साधना के मूल तत्त्व साधना , साधक, साध्य और सिद्ध, ये चार शब्द , भारतीय परंपरा के मूल हैं ी हम सब साधना को जानने का अथक प्रयास करते हैं परन्तु साधक होने पर न तो ध्यान देते हैं न ही साधक बनाने का प्रयास. इसी कारण हमें विफलता हाथ लगाती हे […]

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महामारी मे स्व को और सभी को साधना मे लगाए

महामारी मे स्व को और सभी को साधना मे लगाए ऐसा लगता हे जेसे मनुष्य जाती विलुप्त होने के कगार पर हे। विज्ञान अपनी खोज से हमे इस महामारी के रोकथाम के तरीके सुझा रहा हे, और इसका हमे पालन निश्चय ही करना चाहिए। इसके साथ -साथ हमे उस परम सत्ता की खोज करनी चाहिए, […]

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